जोसेफ लोरेन्ज़ल, जिनका जन्म 1892 में वियना, ऑस्ट्रिया में हुआ था, एक ऑस्ट्रियाई मूर्तिकार और सिरेमिक कलाकार थे। उनके कलात्मक करियर की शुरुआत वियना शस्त्रागार (Arsenal of Vienna) में एक फाउंड्री में काम करने से हुई, जहाँ उन्होंने कांस्य ढलाई की तकनीक की गहरी समझ हासिल की।
· लोरेन्ज़ल की आकृतियाँ, अपनी स्वच्छ रेखाओं और सूक्ष्म ज्यामितीय आकृतियों के साथ, आर्ट डेको की भावना को दर्शाती हैं।
· उन्होंने क्राइसेलेफ़ेंटाइन (Chryselephantine) तकनीक में महारत हासिल की, जिसमें उत्कृष्ट मूर्तियाँ बनाने के लिए कांस्य और हाथी दांत का संयोजन किया जाता था। उनके कई कांस्य टुकड़े ब्राजीलियाई हरे गोमेद (ओनिक्स) के आसन पर लगे हुए थे।
· उनके काम का एक महत्वपूर्ण हिस्सा सिरेमिक में किया गया था। उन्होंने 1920 और 1930 के बीच प्रसिद्ध ऑस्ट्रियाई निर्माण कंपनी गोल्डसाइडर (Goldscheider) के साथ मिलकर काम किया।
· वर्जीनिया म्यूजियम ऑफ फाइन आर्ट्स (Virginia Museum of Fine Arts) के संग्रह में लोरेन्ज़ल की "स्टेट ऑफ़ ए गर्ल" (लगभग 1925) नामक एक मूर्ति है, जो कांस्य, हाथी दांत और गोमेद से बनी है।